Print Document or Download PDF

इन 5 क्षेत्रों में अपना भविष्य के रफ़्तार को बढ़ाएं 

Feed by Manisha Cat- Education

1. इ- कॉमर्स और तकनीकी स्टार्टअप्स 

देश में जारी डिजिटल इंडिया और स्टार्टअप इंडिया मुहीम से संकेत मिल रहें हैं की यह इंडस्ट्री आनेवाले कैरियर की संभावनाएं भी बढ़ सकती है. टीमलीज की रिपोर्ट के अनुसार इ-कॉमर्स और तकनीकी स्टार्टअप्स सेकटर में १४.९४ फीसदी नौकरियां बढ़ने की उम्मीद है. आज इस सेकटर में प्रोडक्ट डिजाइन, कंज्यूमर एक्सपीरियंस, मार्केटिंग और ब्रांडिंग, मैनेजमेंट, सप्लाई चैन, लॉजिस्टिक, गो-डाउन, फाइनेंस, पेमेंट, लीगल और एचआर से सम्बंधित कार्यों को सभालने के लिए योग्य उम्मीदवारों की बड़ी संख्या में आवश्यकता है. 

pharma job offer

प्रवेश के लिए योग्यता : इ-कॉमर्स और तकनीकी स्टार्टअप्स सेकटर में कैरियर बनाने के इच्छुक उम्मीदवारों से कार्य के अनुसार योग्यता की मांग की जाती है. जैसे, डिजाइन से सम्बंधित कार्य के लिए आर्ट्स में स्नातक. प्रोडक्ट मैनेजर के लिए बीटेक, डिजाइन में एमबीबी एवं एमबीए बिजनेस एनालिस्ट के लिए रीटेल व् सीएसएम में एमबीए. फाइनेंस के लिए बीकॉम एवं एमबीए. सप्लाई चैन के लिए बीटेक व् रीटेल में एमबीए और कंटेंट मैनेजर के लिए बैचलर इन मॉस म्यूनिकेशन की योग्यता माँगी जाती है. 

कैरियर की संभावनाएं

इ कॉमर्स और तकनीकी स्टार्टअप्स सेक्टर में रुचि रखनेवाले उम्मदवारो के लिए ट्रैवलिंग और टिकटिंग, रिटेल एन्ड मार्केट प्लेस, डील्स और कूपन, रिटेल क्लासिफाइड पोर्टल्स, और हायपर लोकल्स में अच्छी संभानाएं है.   


2. नॉलेज प्रोसेस आउटसोर्सिंग सेक्टर 

आगामी वित्त वर्ष में नॉलेज प्रोसेस आउटसोर्सिंग सेक्टर यानी केपीओ में १४.७७ फीसदी जॉब ग्रोथ देखने को मिल सकती है, जिससे रोजगार के लिए 150000 मौके आने की संभावना जताई जा रही है. इस सेक्टर से जुडी कम्पनियो को डाटा-एंट्री, मेडिकल ट्रांस्क्रिप्शन, कंटेंट राइटिंग, एचआर और वित्तीय सेवाओं के लिए प्रोफेशनल की आवश्यकता होती है.

कौन कर सकता है इस क्षेत्र में प्रवेश 

नॉलेज प्रोसेस आउटसोर्सिंग उद्दोग ज्ञान और सूचना पर आधारित सेवाओं से सम्बद्ध है. इस सेक्टर में आने के लिए आपको अपने विषय पर पूरी कमांड होनी चाहिए. आपने जिस क्षेत्र में स्नातक किया है, उसकी गहरी समझ होनी जरूरी है. कई प्लेसमेंट एजेंसियां युवाओं को प्रशिक्षण देती है. अंगरेजी और अन्य विदेशी भाषाओं में अच्छी पकड़वाले युवाओं के लिए यहाँ भरपूर मौके होते है. 

कहाँ मिलेंगे मौके 

कानूनी सेवा, बौद्धिक सम्पदा एवं पेटेंट से जुडी सेवाएं, अभियांत्रिकी, वेब डेवलपमेंट, व्यापार अनुसंधान एवं विश्लेषण, चिकत्सा अनुसंधान और मार्केट रिसर्च जैसे सेक्टर में युवाओं के लिए ढेरो विकल्प है. 

3. टेलीकम्युनिकेशन 

टेलीकम्युनिकेशन इंडस्ट्री में वक्त के साथ भारी उछाल देखने को मिल रहा है, एक ओर जहां कुछ कंपनियां अनलिमिटेड कॉलिंग एवं डाटा सर्विस जैसी सुविधा दे रही है, तो दूसरी और कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करने के लिए कम्पनियाँ टाइअप कर खुद को मजबूत बना रही है. इस क्षेत्र में बड़ी संख्या में नई नौकरियां पैदा हो रही है. आनेवाले वर्ष में टेलीकम्युनिकेशन के क्षेत्र में ११.१८ फीसदी जॉब ग्रोथ की उम्मीद की जा रही है. ऐसे में युवाओं को इस क्षेत्र में भी आगे बढ़ने के अच्छे मौके प्राप्त हो सकते है. 

प्रवेश के लिए योग्यता 

टेलीकम्युनिकेशन इंडस्ट्री में प्रवेश करने के लिए बैचलर, मास्टर, डिप्लोमा और पीजी डिप्लोमा हर तरह के कोर्स मौजूद है. चार वर्षीय बैचलर कोर्स के लिए 12वीं परिक्षा पीसीएम होना आवश्यक है. पोस्ट ग्रेजुएट कोर्स के लिए सम्बंधित स्ट्रीम में बीइ/बीटेक होना जरूरी होता है. डिप्लोमा एवं पीजी डिप्लोमा के कोर्स ज्यादातर एक या दो वर्ष के होते है. टेलीकम्युनिकेशन से सम्बंधित जितने भी कोर्स है, वे अभ्यर्थियों को प्रायोगिक और सैद्धांतिक दोनों तरह की जानकारी प्रदान करते है. इन कोर्स में नेटवर्क सिस्टम की डिजाइनिंग, इन्स्टालिंग, टेस्टिंग, रिपेयरिंग आदि शामिल होता है. 

रोजगार की संभावनाएं. 

टेलीकम्युनिकेशन इंडस्ट्री में तीजे से मौके बढ़ रहे है. कोर्स के बाद मोबाइल फोन सर्विस प्रोवाइडर, सॉफ्टवेर डेवलपमेंट सेक्टर, रेलवे आदि में बतौर सॉफ्टवेर इंजीनियर, टेस्ट इंजीनियर, कस्टमर सपोर्ट स्टाफ, प्रोडक्ट डिस्ट्रीब्यूटर के रूप में रोजगार मिल जाता है. डिफेन्स सेक्टर में भी संभावनाएं तलाशी जा सकती है. 

4. हेल्थ एन्ड फार्मा सेक्टर 

भारत क्लीनिकल रिसर्च आउट सोर्सिंग के क्षेत्र में ग्लोबल हब बन क्र उभर रहा है. विभिन्न कोर्सेज में प्रवेश के लिए हर वर्ष लाखों युवा प्रवेश परीक्षाओं में बैठते है. टीमलीज के अनुसार हेल्थ एन्ड फार्मा सेक्टर की १३.६७ फीसदी जॉब ग्रोथ की उम्मीद है. इन क्षेत्रों में मेडिकल प्रैक्टिशनर, नर्सिंग, हॉस्पिटल मैनेजमेंट, फार्मेसी, मेडिकल टूरिस्म और फिजियोथेरेपी में कैरियर बनाया जा सकता है. 

कौन कर सकता है प्रवेश 

जीव विज्ञान से बारहवीं करनेवाले छात्र हेल्थ एवं फार्मेसी के जुड़े क्षेत्रों की पढ़ाई कर सकते है. 

रोजगार के अवसर 

देश के सभी बड़े ग्रुप हॉस्पिटल्स की चेन खोल रहे हैं. ऐसे में डॉक्टरों के लिए प्राइवेट नर्सिंग होम और पोली क्लिनिक्स में रोजगार की अच्छी संभावनाएं बन रही है. जनरल प्रैक्टिशनर, स्पेशलिस्ट, फार्मेसिस्ट, पैरामेडिकल के विशेषज्ञ और डेंटिस्ट अकेले या पार्टनरशिप में प्राइवेट क्लीनिक भी खोल सकते हैं. यदि आपकी रिसर्च में रूचि है, तो यहां मौकों की कमी नहीं है. 

5. फाइनेंस सर्विस सेक्टर 

नोटबांडी के दौर में कैशलेस सेवा पर काफी जोर दिया गया. इस दौरान मोबाईल वॉलेट और फिनटेक की सुविधा का प्रयोग बढ़ा. लेन-देन के तरीके को कैशलेस बनाने की दिशा में अभी भी कई प्रयास किये जा रहे हैं, जिससे डिजिटल बैंकिंग के तेजी से बढ़ने की संभावनाएं जताई जा रही है. टीमलीज के अनुसार इस क्षेत्र में १०.५७ प्रतिशत जॉब ग्रोथ देखी जा रही है. फाइनेंशियल सर्विस सेक्टर में फाइनेंशियल एनालिस्ट, इक्विटी रिसर्च एनालिस्ट, क्रेडिट रिसर्च एनालिस्ट की मांग तेजी से बढ़ने की उम्मीद है. वहीं बैंकिंग सेक्टर में कॉर्पोरेट बैंकिंग ऑफिसर, क्रेडिट ऑफिसर, कैश मैनेजर, चार्टर्ड अकाउंटेंट आदि के लिए नए मौके सामने आने का अनुमान लगाया जा रहा है. 

यहां बढ़ेंगे अवसर 

फाइनेंस की योग्यता रखनेवाले उम्मीदवार कॉर्पोरेट फाइनेंस, इंटरनेशनल फाइनेंस, मर्चेंट बैंकिंग, पोर्टफोलियो मैनेजमेंट, स्टॉक ब्रोकिंग, शेयर मार्केट, रजिस्ट्री, क्रेडिट रेटिंग आदि में जॉब कर सकते है. 

Read More.


Go Back